अब पहले से कहीं अधिक लचीला और फायदेमंद हो गया है. इसमें इन्वेस्ट करके आप शानदार रिटर्न और टैक्स बेनिफिट पा सकते हैं. स्कीम से जुड़ी हर छोटी-बड़ी बात जानने के लिए ये आर्टिकल अंत तक पढ़ें.
नौकरी से रिटायर होने के बाद भी आपकी लाइफस्टाइल और खर्चों में कोई कमी न आए, इसके लिए नेशनल पेंशन स्कीम (NPS) एक भरोसेमंद साथी बनकर उभरी है. हाल ही में पेंशन फंड रेगुलेटर (PFRDA) ने इसके नियमों में कुछ महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं, जिससे अब यह योजना और भी अधिक लचीली और फायदेमंद हो गई है.
क्या है NPS और कौन इसमें इन्वेस्ट कर सकता है?
NPS एक सरकारी इनवेस्टमेंट स्कीम है जिसे अब 18 से 85 साल तक का कोई भी भारतीय नागरिक लाभ उठा सकता है. इसमें आप अपनी मर्जी से पैसा जमा करते हैं, जो मार्केट के अनुसार बढ़ता है. रिटायरमेंट पर आपको एक बड़ी रकम (Lump Sum) एक साथ मिलती है और बाकी हिस्सा ‘एन्युटी’ के रूप में हर महीने पेंशन के तौर पर मिलता है. इसमें दो तरह के अकाउंट होते हैं: Tier-I (रिटायरमेंट के लिए अनिवार्य) और Tier-II (एक सेविंग अकाउंट की तरह, जिससे कभी भी पैसा निकाल सकते हैं).
निकासी (Withdrawal) के नए नियम क्या हैं?
नए नियमों के अनुसार, अगर आप रिटायरमेंट या 60 साल की उम्र पर पैसा निकालते हैं और आपका कुल फंड 8 लाख रुपये तक है, तो आप पूरा पैसा एक साथ निकाल सकते हैं. 8 लाख से ज्यादा होने पर सरकारी कर्मचारियों को 60% और गैर-सरकारी लोगों को 80% तक एक साथ निकालने की छूट है, बाकी बची रकम की पेंशन बन जाएगी. वहीं, अगर कोई बीच में स्कीम छोड़ना चाहता है और फंड 5 लाख से कम है, तो भी पूरा पैसा निकाला जा सकता है.
क्या बच्चों के लिए भी है कोई खास स्कीम?
जी हां, सरकार ने ‘NPS वात्सल्य’ की शुरुआत की है. इसमें माता-पिता अपने नाबालिग बच्चों के नाम पर अकाउंट खोल सकते हैं. जब बच्चा 18 साल का हो जाएगा, तो यह अकाउंट सामान्य NPS में बदल जाएगा. बजट 2025 के अनुसार, NPS वात्सल्य में भी वही टैक्स छूट मिलेगी जो सामान्य NPS में मिलती है. यह बच्चों के भविष्य के लिए एक मजबूत फंड बनाने का बेहतरीन तरीका है.
टैक्स की बचत और बेहतर रिटर्न कैसे मिलेगा?
NPS में इन्वेस्ट करने पर आपको इनकम टैक्स की धारा 80C के अलावा 80CCD(1B) के तहत 50,000 रुपये की अतिरिक्त छूट मिलती है. यानी कुल 2 लाख रुपये तक का इनवेस्टमेंट टैक्स फ्री हो सकता है. खास बात यह है कि NPS ने पिछले कुछ वर्षों में औसतन 11% से 20% तक का सालाना रिटर्न दिया है, जो कई अन्य बचत योजनाओं से काफी बेहतर है.





