रायपुर। राजधानी के टिकरापारा थाना क्षेत्र में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, यहां कांग्रेस नेता हसन आबिदी को ब्लैकमेलिंग और धोखाधड़ी के गंभीर आरोपों के चलते गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी पर एक पटवारी और उसके पति से करोड़ों रुपये की वसूली करने का आरोप है।
देवपुरी निवासी रियल एस्टेट कारोबारी राजेश सोनी ने टिकरापारा थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि उनकी पत्नी सारिका सोनी, जो कि एक शासकीय पटवारी हैं, को हसन आबिदी पिछले कई महीनों से फर्जी भ्रष्टाचार के केस में फंसाने की धमकी दे रहा था। हसन ने खुद को ACB-EOW से जुड़ा अधिकारी बताकर कहा कि उनकी पत्नी के खिलाफ एक व्यक्ति ‘विवेक’ ने शिकायत की है और जल्द ही उनके घर छापा पड़ सकता है।
डर और सामाजिक बदनामी के भय से राजेश ने फरवरी 2025 से अब तक करीब 70 लाख रुपये आरोपी को दे दिए। यही नहीं, भाठागांव स्थित सिमरन सिटी में 3500 वर्गफुट की एक जमीन भी हसन ने धोखे से अपने एक परिचित के नाम रजिस्ट्री करवा ली। हद तो तब हो गई जब 17 जून को हसन ने एक बार फिर राजेश को कॉल कर 2.5 करोड़ रुपये की मांग की और धमकी दी कि रकम नहीं देने पर उनकी पत्नी की नौकरी चली जाएगी, जेल जाना पड़ेगा और मामला ईडी व सीबीआई तक पहुंचा दिया जाएगा।
राजेश ने सबूतों के साथ टिकरापारा थाना पुलिस को पूरी जानकारी दी, जिसके बाद बुधवार रात पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी हसन आबिदी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने हसन के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धाराओं के तहत धोखाधड़ी, जबरन वसूली, धमकी और सरकारी कर्मचारी को झूठे केस में फंसाने जैसे गंभीर आरोपों में मामला दर्ज किया है।
पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि हसन ने इसी तरह से और कितने लोगों को अपना शिकार बनाया है। मामले की जांच जारी है और पूछताछ में कई अहम खुलासे होने की उम्मीद है।





