नई दिल्ली। मंगलवार को चुनाव प्रचार के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने पीएम मोदी पर विवादित बयान देने हुए उन्हें आतंकवादी कह दिया। लेकिन विवाद बढ़ने के बाद उन्होंने कहा कि उनकी बात को गलत तरह से लिया गया है। वे आतंकित कहना छह रहे थे। खरगे ने तो सफाई देकर मामले से पल झाड लिया लेकिन बीजेपी उन्हें बख्शने के मूड में नहीं दिखाई दे रही। खरगे के बयान के खिलाफ बीजेपी चुनाव आयोग पहुंची है और शिकायत दर्ज करवाई है। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने इस बारे में एक्स पर पोस्ट करके जानकारी दी है।
उन्होंने बताया, “हमने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के खिलाफ उनके उस चौंकाने वाले और शर्मनाक बयान के लिए कड़ी शिकायत दर्ज कराई है, जिसमें उन्होंने माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को “आतंकवादी” कहा है। यह सिर्फ अपमानजनक ही नहीं है, बल्कि लोकतांत्रिक संस्थाओं पर एक खतरनाक हमला है। यह आदर्श आचार संहिता का स्पष्ट उल्लंघन है। तत्काल कार्रवाई अनिवार्य है।”
मल्लिकार्जुन खरगे ने क्या विवादित बयान दिया था?
चेन्नई में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा था, “ये लोग (AIADMK) मोदी के साथ कैसे जुड़ सकते हैं? वो एक आतंकवादी हैं। वो समानता में विश्वास नहीं करते। उनकी पार्टी समानता और न्याय में विश्वास नहीं करती। और इन लोगों का उनके साथ जुड़ना, इसका मतलब है कि वे लोकतंत्र को कमजोर कर रहे हैं।”
खरगे के इस बयान के बाद बीजेपी ने काफी नाराजगी जताई थी। खरगे के बयान पर तमिलनाडु चुनाव प्रभारी और केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने कहा था, “मुझे शर्म आती है कि कांग्रेस और डीएमके इतनी नीच हरकत पर उतर आए हैं कि वे भारत की जनता द्वारा लोकतांत्रिक रूप से चुने गए प्रधानमंत्री को आतंकवादी कहकर उनका अपमान कर रहे हैं। राहुल गांधी और एमके स्टालिन को प्रधानमंत्री और उन्हें वोट देकर सत्ता में लाने वाली भारत की जनता के इस घोर अपमान के लिए माफी मांगनी चाहिए। कांग्रेस और डीएमके ने इस बयान से 140 करोड़ भारतीयों को, जिनमें हमारे 8 करोड़ तमिल भाई-बहन भी शामिल हैं, अपमानित किया है।”


