mor36garh-logo

DSP Controversy : शादीशुदा बॉयफ्रेंड से करोड़ों ऐंठने के मामले में बड़ा अपडेट! DSP कल्पना वर्मा ने तोड़ी चुप्पी, जानें DSP ने क्या कहा…

रायपुर। DSP Controversy : छत्तीसगढ़ का चर्चित कथित हनी-ट्रैप विवाद एक नए मोड़ पर पहुंच गया है। इस मामले में घसीटी गई महिला DSP कल्पना वर्मा ने पहली बार अपनी चुप्पी तोड़ते हुए सभी आरोपों को मनगढ़ंत और बेबुनियाद बताया है। उन्होंने सीधे व्यवसायी दीपक टंडन और उनकी पत्नी बरखा टंडन पर साजिश का आरोप लगाया है।

व्यावसायिक विवाद को बताया कारण

DSP कल्पना वर्मा ने स्पष्ट कहा कि यह पूरा मामला उनके पिता और व्यवसायी दीपक टंडन के बीच चल रहे पुराने व्यावसायिक विवाद से जुड़ा है। उन्होंने बताया, दीपक टंडन की पत्नी बरखा टंडन ने बकाया रकम के भुगतान के लिए अपने नाम का चेक दिया था। वह चेक बैंक में बाउंस हो गया। यह मामला वर्तमान में अदालत में विचाराधीन है। DSP का आरोप है कि न्यायिक कार्रवाई से बचने के लिए टंडन दंपत्ति उन्हें जानबूझकर विवाद में घसीट रहे हैं और उनकी छवि खराब करने की कोशिश कर रहे हैं।

दीपक टंडन पर ठगी का पुराना मामला भी आया सामने

जांच में एक और बड़ा खुलासा हुआ है। सूत्रों के अनुसार, दीपक टंडन पर वर्ष 2018 में करीब ₹50 लाख की ठगी का आरोप पहले से है। आरोप यह है कि, टंडन ने आबकारी विभाग से जुड़े काम, कार्टून उठवाने का ठेका दिलाने के नाम पर भारी रकम ली जिसके बाद न काम दिलाया और न रकम लौटाई। इस मामले की भी शिकायत पहले से दर्ज है।

महादेव ऐप कनेक्शन के आरोपों ने बदली तस्वीर

जानकारी के अनुसार, व्यवसायी दीपक टंडन का नाता महादेव सट्टा ऐप विवाद से भी जुड़ता दिखाई दे रहा है। इन नई जानकारियों के बाद मामला पूरी तरह नया मोड़ ले चुका है और हनी-ट्रैप के आरोप कमजोर पड़ते दिख रहे हैं, जबकि दीपक टंडन पर संदेह गहराता जा रहा है।

DSP कल्पना वर्मा करेंगी मानहानि का केस

DSP वर्मा का आरोप है कि, सोशल मीडिया से उनकी तस्वीरें बिना अनुमति ली गईं। उनके नाम से फर्जी चैट तैयार कर प्रसारित की गई। उन्होंने इसे गंभीर अपराध बताते हुए कहा कि वह इस पूरे मामले में न्यायालय की शरण लेंगी और मानहानि का केस दायर करेंगी। साथ ही उन्होंने मांग की है कि टंडन दंपत्ति के सभी वित्तीय लेनदेन की विस्तृत जांच होनी चाहिए।

फर्जी चैट व फोटो के दुरुपयोग पर सख्त कानून

किसी की फोटो, पहचान या प्रोफाइल का गलत इस्तेमाल करना भारतीय कानून के तहत एक गंभीर अपराध है। IT एक्ट की धाराएं 66C (पहचान की चोरी), 66D (धोखाधड़ी करके नकल करना) और 67 (आपत्तिजनक सामग्री भेजना) लागू हो सकती हैं। भारतीय दंड संहिता (IPC) की धाराओं 419, 420 धोखाधड़ी और ठगी, 465, 468, 469 दस्तावेजों/इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड की जालसाजी, 500 मानहानि के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।

मामले में अभी कई खुलासे बाकी

हनी-ट्रैप विवाद से शुरू हुआ मामला अब ठगी, चेक बाउंस और महादेव ऐप कनेक्शन तक जा पहुंचा है। जांच तेज है और आने वाले दिनों में कई और खुलासे होने की संभावना है।

 

Mor36garh

Mor36garh

Related News